Uncategorized

आस्था, सम्मान और जनविश्वास के साथ सुधा गुप्ता ने मेयर पद के लिए किया नामांकन

मानगो नगर निगम के मेयर पद के लिए आज सुधा गुप्ता ने जब नामांकन किया, तो यह सिर्फ एक राजनीतिक प्रक्रिया नहीं थी, बल्कि सादगी, विश्वास, संघर्ष और सेवा-भाव की एक भावनात्मक यात्रा का प्रतीक था

आस्था, सम्मान और जनविश्वास के साथ सुधा गुप्ता ने मेयर पद के लिए किया नामांकन

जमशेदपुर- मानगो नगर निगम के मेयर पद के लिए आज सुधा गुप्ता ने जब नामांकन किया, तो यह सिर्फ एक राजनीतिक प्रक्रिया नहीं थी, बल्कि सादगी, विश्वास, संघर्ष और सेवा-भाव की एक भावनात्मक यात्रा का प्रतीक था।

नामांकन से पूर्व उनके आवास पर एक अत्यंत भावुक क्षण देखने को मिला, जब उनके जीवनसाथी एवं झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री बन्ना गुप्ता ने स्वयं कार का गेट खोलकर उन्हें बिठाया और विदा किया। यह दृश्य न केवल एक पति के सम्मान और विश्वास को दर्शाता है, बल्कि उस संघर्ष और साथ का प्रतीक है जो वर्षों से जनता की सेवा में समर्पित रहा है।

घर से निकलने से पहले सुधा गुप्ता ने घर पर पूजा-अर्चना कर ईश्वर से आशीर्वाद लिया, उसके बाद कदमा स्थित रंकनी मंदिर में पूजा किया उसके बाद मानगो स्थित बड़ा हनुमान मंदिर में पूजा अर्चना कर मन ही मन मानगो की जनता के सुख, सम्मान और उज्ज्वल भविष्य के लिए प्रार्थना की।

इस पावन अवसर पर समाज के हर वर्ग का समर्थन देखने को मिला जिसमें मुस्लिम समाज के बुद्धिजीवी डॉ मोहम्मद जकारिया ,सिख समाज के प्रतिनिधि के रूप में मानगो गुरुद्वारा के प्रधान  भगवान सिंह , ब्राह्मण समाज से बिपिन झा , वैश्य समाज से भगवान प्रसाद  एवं लीला गुप्ता जो ऑल इंडिया रौनियार वैश्य महा सभा की पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, क्रिस्चन समाज से डेविड पूर्ति, विश्वकर्मा समाज से राजेश शर्मा आदि उपस्थित रहें प्रस्तावक के रूप में, यह उपस्थिति इस बात का प्रमाण है कि सुधा गुप्ता केवल एक प्रत्याशी नहीं, बल्कि जन-जन की आवाज़ हैं।

नामांकन के पश्चात प्रत्याशी  सुधा गुप्ता ने भावुक होते हुए कहा कि यह चुनाव उनके लिए पद का नहीं, बल्कि मानगो की हर बेटी, हर माँ और हर परिवार के सपनों की लड़ाई है। उन्होंने कहा कि जनता का प्यार, विश्वास और आशीर्वाद ही उनकी सबसे बड़ी ताकत है।

आज का यह नामांकन मानगो में बदलाव, सम्मान और सशक्त नेतृत्व की एक नई शुरुआत है।

सादगी से किया नामांकन, कोई ताम झाम नहीं

सुधा गुप्ता का नामांकन बहुत सादगी भरा रहा जिसमें कोई तामझाम नहीं था, ना कोई भीड़ ना कोई रैली, जब इस संदर्भ में सुधा गुप्ता से पत्रकारों ने पूछा तो उन्होंने बहुत आत्मीयता से जवाब दिया कि सादगी ही मेरी पहचान हैं, मानगो की जनता को जाम से मुक्त कराने के लिए बन्ना गुप्ता  ने फ्लाईओवर निर्माण का कार्य किया हैं, चुंकि फ्लाईओवर निर्माण कार्य तेजी से चल रहा हैं, सड़क संकीर्ण हैं, मजदूर लगे हुए हैं ऐसे मैं हजारों की संख्या में यदि कार्यकर्त्ता आते तो जाम लग जाता जिससे मानगो की जनता को परेशानी होती, इसलिए मैंने तय किया कि मानगो की जनता को तकलीफ ना हो इसलिए मैंने सिर्फ समाज के प्रमुख प्रतिनिधियों के साथ नामांकन करने का निश्चय किया।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!