Uncategorized

मनरेगा का नाम पूज्य बापू करना अनैतिक निर्णय, मोदी सरकार प्रचंड बेरोजगारी पलायन महंगाई भ्रष्टाचार रोकने के बजाय नाम बदलने में व्यस्त

मनरेगा नाम बदलने से महात्मा गांधी एवं मनरेगा मैंन रघुवंश प्र सिंह के आत्मा पर चोट - कैलाश यादव

मनरेगा का नाम पूज्य बापू करना अनैतिक निर्णय, मोदी सरकार प्रचंड बेरोजगारी पलायन महंगाई भ्रष्टाचार रोकने के बजाय नाम बदलने में व्यस्त

मनरेगा नाम बदलने से महात्मा गांधी एवं मनरेगा मैंन रघुवंश प्र सिंह के आत्मा पर चोट – कैलाश यादव

रांची- आज प्रदेश राजद प्रवक्ता कैलाश यादव ने केंद्र की मोदी सरकार पर प्रहार करते हुए कहा कि विगत 11 वर्षों से लगातार तीसरी बार सत्तासीन होने के बावजूद जनहित में कोई ठोस समृद्ध तथा मजबूत अर्थव्यवस्था के लिए सकारात्मक काम नहीं किया है

देश में प्रचंड स्तर पर बेरोजगारी, पलायन,बेतहाशा महंगाई,भ्रष्टाचार अमीरी और गरीबी के बीच खाई दूर करने की ओर चिंता व्यक्त नहीं कर बजाय देश के ऐतिहासिक स्थलों का सिर्फ नाम बदलने में व्यस्त है ! नामचीन स्थानों में सड़क, बिल्डिंग, संस्था, या योजनाओं का नाम बदलकर नए नामकरण करने जैसे अनैतिक कार्य कर रहे हैं

श्री यादव ने कहा है राजद के संस्थापक सदस्य एवं तत्कालीन पूर्व केंद्रीय मंत्री ग्रामीण विकास का कार्यभार संभाल रहे श्रद्धेय डॉ रघुवंश प्रसाद सिंह के कर कमलों द्वारा (2005-6) में यूपीए -1 मनमोहन सरकार में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) का शुभारंभ कर 100 दिनों का काम देने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया था ! जिसकी सराहना देश एवं विदेश में जमकर हुई थी

गौरतलब है कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पहली बार भारत में वृहत रूप से मनरेगा जैसी 100 दिन की ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना लागू की गई थी

महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम को सफलपूर्वक अक्षरशः लागू करने में तत्कालीन ग्रामीण विकास मंत्री श्रद्धेय रघुवंश प्रसाद सिंह की सराहना कर पूर्व प्रधानमंत्री डॉ मनमोहन सिंह और यूपीए चेयरपर्सन श्रीमती सोनिया गांधी ने रघुवंश बाबू को मनरेगा मैंन की उपाधि दिया था

श्री यादव ने कहा है महात्मा गांधी राष्ट्रीय पिता थे उनके स्वराज इंडिया की सपनो को साकार करने के लिए देश में गरीबों एवं असहाय लोगों के लिए 100 दिन का गारंटी काम को मनरेगा नाम देकर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी गई थी

राजद की ओर स्पष्ट कहना है कि बेहद अफसोस है आज देश में RSS के अनुयायी के रूप में कार्य कर रहे भाजपा नेता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार ने मनरेगा का नाम बदलकर पूज्य बापू ग्रामीण रोजगार योजना कर दिया है

विदित है देश में पूज्य बापू के नाम से कई लोगों को संबोधित किया जाता है जैसे आसाराम बाबू ,मोरारी बापू जैसे अनेकों संत हैं इसलिए पूज्य बापू नामकरण के निर्णय से स्पष्ट नहीं है कि पूज्य बापू ग्रामीण रोजगार योजना राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम पर किया गया है !

मोदी सरकार द्वारा मनरेगा का नाम बदलने के निर्णय का राजद विरोध किया है और आरोप लगाया है कि मोदी सरकार के इस निर्णय से राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और मनरेगा मैंन पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ रघुवंश प्र सिंह के सपने व आत्मा पर आघात पहुंचाने का काम किया है

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!